Panchkula News | स्वर्ण न्याय पदयात्रा पहुंची पंचकूला : UGC नियमों का विरोध | सेक्टर-5 में प्रदर्शन

यूजीसी से जुड़े नियमों के विरोध में निकाली जा रही स्वर्ण समाज एकता एवं स्वर्ण न्याय पदयात्रा मंगलवार को पंचकूला पहुंची। पदयात्रा में बड़ी संख्या में समाज के लोग शामिल हुए। पंचकूला पहुंचने के बाद प्रदर्शनकारी सेक्टर-5 स्थित धरना स्थल पर एकत्रित हुए और नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों को सरकार के सामने रखा।
पदयात्रा में शामिल लोगों ने कहा कि यूजीसी से जुड़े नियमों को लेकर समाज में नाराजगी है और इन्हीं नियमों के विरोध में पदयात्रा निकाली जा रही है। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से इस मामले में उनकी आपत्तियों को सुनने और नियमों पर पुनर्विचार करने की मांग की।

करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष महिपाल मकराना ने कहा कि यूजीसी के नियमों को लेकर स्वर्ण समाज में भारी रोष है। उन्होंने आरोप लगाया कि समाज की ओर से लगातार अपनी बात रखे जाने के बावजूद सरकार उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं ले रही है। उन्होंने कहा कि सरकार को समाज के प्रतिनिधियों के साथ बातचीत कर इस मामले का समाधान निकालना चाहिए।
पंचकूला के सेक्टर-5 में प्रदर्शन के दौरान पदयात्रा में शामिल लोगों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उनकी मांग यूजीसी से जुड़े नियमों पर पुनर्विचार करने और समाज की ओर से उठाई जा रही आपत्तियों का समाधान करने की है।

प्रदर्शनकारियों ने इस दौरान राजनीतिक दलों को भी संदेश दिया। उनका कहना था कि समाज से जुड़े मुद्दों और मांगों की अनदेखी करने वाले राजनीतिक दलों को आने वाले चुनावों में इसका असर देखने को मिल सकता है।
प्रदर्शन में शामिल लोगों ने कांग्रेस के पुराने रुख का भी जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि पहले कांग्रेस की ओर से इस मुद्दे का विरोध किए जाने के बाद राजपूत समाज के लोगों ने कांग्रेस का समर्थन किया था, लेकिन बाद में परिस्थितियां बदल गईं। अब प्रदर्शनकारियों ने भाजपा सरकार से भी उनकी मांगों को नजरअंदाज नहीं करने की अपील की है।
महिपाल मकराना और पदयात्रा में शामिल लोगों ने कहा कि उनका उद्देश्य अपनी मांगों को सरकार तक पहुंचाना है। उन्होंने सरकार से यूजीसी से जुड़े नियमों पर तत्काल पुनर्विचार करने और संबंधित पक्षों के साथ बातचीत कर समाधान निकालने की मांग की।
पंचकूला पहुंची पदयात्रा के दौरान बड़ी संख्या में लोग धरना स्थल पर मौजूद रहे। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाते रहेंगे और सरकार से सकारात्मक निर्णय की उम्मीद करते हैं।
Editor: शिवानी राजपूत



