Mahendragarh News | आयुष्मान सेवाएं प्रभावित होने पर चिंता : कुनाल मावता ने दिया सुझाव

हरियाणा में आयुष्मान भारत योजना के तहत निजी अस्पतालों की सेवाएं प्रभावित होने के मुद्दे पर औषधीय विज्ञान विभाग से जुड़े कुनाल मावता ने चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि आयुष्मान योजना गरीब और जरूरतमंद परिवारों के लिए महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सुविधा है और इसके तहत उपचार प्रभावित होने से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के अनुसार प्रदेश में योजना से जुड़े करीब 650 निजी अस्पतालों के लगभग 1200 करोड़ रुपये के दावे लंबित हैं। इसी मुद्दे को लेकर निजी अस्पतालों ने एक दिन के लिए आयुष्मान सेवाएं रोकने का फैसला किया था।
महेंद्रगढ़ से कुनाल मावता ने कहा कि इस समस्या का जल्द समाधान किया जाना चाहिए, ताकि आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों को इलाज के लिए परेशानी न उठानी पड़े। उन्होंने सरकार से निजी अस्पतालों के लंबित भुगतान का जल्द निपटारा करने की मांग की।
कुनाल मावता ने सस्ती और गुणवत्तापूर्ण जेनेरिक दवाओं को बढ़ावा देने का सुझाव भी दिया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्रों को और मजबूत करने की जरूरत है, जिससे आम लोगों को कम कीमत पर आवश्यक दवाएं उपलब्ध हो सकें।
उन्होंने हरियाणा सरकार द्वारा घोषित रियल-टाइम मेडिसिन ट्रैकिंग सिस्टम को जल्द लागू करने की भी मांग की। मावता का कहना है कि इस तरह की व्यवस्था से सरकारी अस्पतालों में दवाओं की उपलब्धता की बेहतर निगरानी करने में मदद मिल सकती है।
उन्होंने कहा कि सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में दवाओं की नियमित उपलब्धता और आयुष्मान योजना का सुचारू संचालन दोनों ही जरूरतमंद मरीजों के लिए महत्वपूर्ण हैं। इसलिए स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े लंबित मुद्दों का समय रहते समाधान किया जाना चाहिए।
कुनाल मावता ने सरकार से आयुष्मान योजना से जुड़े निजी अस्पतालों के बकाया भुगतान के मामले का जल्द समाधान करने की मांग की, ताकि योजना के तहत मरीजों को निर्बाध स्वास्थ्य सेवाएं मिलती रहें।
Editor: शिवानी राजपूत



