बीडीपीओ कार्यालय पर ग्रामीणों का हंगामा : विकास कार्यों में भ्रष्टाचार का आरोप | घटिया ईंट लगाने की शिकायत

गांव बुढ़वाल में चल रहे विकास कार्यों में कथित भ्रष्टाचार और अनियमितताओं को लेकर शुक्रवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण बीडीपीओ कार्यालय नांगल चौधरी पहुंचे। पूर्व सरपंच और पूर्व पंच सहित ग्रामीणों ने कार्यालय परिसर में बैठकर विरोध प्रदर्शन किया और जमकर नारेबाजी की। ग्रामीणों का आरोप है कि शिकायत देने के बावजूद निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और कथित अनियमितताओं की जांच नहीं की जा रही है।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव की श्मशान भूमि में चारदीवारी का निर्माण कराया जा रहा है। आरोप है कि निर्माण में बेहद घटिया गुणवत्ता की ईंटों का इस्तेमाल किया जा रहा है। ग्रामीणों के मुताबिक निर्माण कार्य के दौरान ही चारदीवारी का एक हिस्सा गिर गया। उनका कहना है कि निर्माण के कुछ समय में ही दीवार गिरने से काम की गुणवत्ता और इसकी निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि मामला केवल श्मशान भूमि की चारदीवारी तक सीमित नहीं है, बल्कि गांव में करवाए जा रहे अन्य विकास कार्यों को लेकर भी शिकायतें सामने आ रही हैं। ग्रामीणों ने इन कार्यों में कथित भ्रष्टाचार और अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि वे इस संबंध में पहले भी संबंधित अधिकारियों को शिकायत दे चुके हैं, लेकिन उनकी शिकायत पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। बार-बार शिकायत के बावजूद सुनवाई नहीं होने से नाराज ग्रामीण शुक्रवार को बीडीपीओ कार्यालय पहुंचे और वहीं बैठकर विरोध शुरू कर दिया।

प्रदर्शन के दौरान ग्रामीणों ने “हरियाणा सरकार मुर्दाबाद” और “बीडीपीओ नांगल चौधरी मुर्दाबाद” के नारे लगाए। ग्रामीणों ने कहा कि सरकारी धन से होने वाले विकास कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करना अधिकारियों की जिम्मेदारी है। यदि निर्माण के दौरान ही दीवार गिर रही है तो इसकी जांच कर जिम्मेदारी तय की जानी चाहिए।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि वे एक घंटे से अधिक समय तक बीडीपीओ कार्यालय परिसर में बैठे रहे, लेकिन इस दौरान कोई अधिकारी उनसे मिलने नहीं आया। इससे प्रदर्शनकारियों का रोष और बढ़ गया। ग्रामीणों का कहना है कि उनकी मांग केवल शिकायत की निष्पक्ष जांच और विकास कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करने की है।
प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन को चेतावनी दी कि शुक्रवार का धरना केवल सांकेतिक है। यदि जल्द उनकी शिकायतों पर कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को तेज किया जाएगा। ग्रामीणों ने आने वाले दिनों में अनिश्चितकालीन धरना शुरू करने और बीडीपीओ ब्लॉक कार्यालय पर ताला लगाने तक की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों ने मांग की कि श्मशान भूमि की चारदीवारी सहित गांव में चल रहे संबंधित विकास कार्यों की मौके पर तकनीकी जांच कराई जाए। निर्माण सामग्री की गुणवत्ता की जांच के साथ सरकारी रिकॉर्ड में दर्ज कार्य और मौके पर हुए निर्माण का मिलान किया जाए। जांच में किसी स्तर पर अनियमितता सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
Editor: शिवानी राजपूत



