रेवाड़ी बिजली विभाग की खुदाई : IGL गैस पाइपलाइन कटी | अस्पताल के पास टला बड़ा हादसा
रेवाड़ी शहर के व्यस्त सर्कुलर रोड पर रविवार को बिजली विभाग की कथित लापरवाही के चलते बड़ा हादसा होते-होते टल गया। एक निजी अस्पताल के समीप बिजली का पोल लगाने के लिए की जा रही खुदाई के दौरान इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (IGL) की मुख्य गैस पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई। पाइपलाइन कटते ही तेज दबाव के साथ गैस का रिसाव शुरू हो गया, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
घटना अस्पताल के बिल्कुल सामने होने के कारण मरीजों, उनके परिजनों और अस्पताल स्टाफ में दहशत फैल गई। गैस की तेज गंध महसूस होते ही लोग अस्पताल से बाहर निकलने लगे। कुछ देर के लिए अस्पताल परिसर और आसपास का इलाका पूरी तरह तनावपूर्ण माहौल में बदल गया। स्थानीय लोगों ने भी किसी बड़े विस्फोट या आग लगने की आशंका जताते हुए प्रशासन को सूचना दी।
सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (IGL) की तकनीकी टीम मौके पर पहुंच गई। गैस कंपनी के कर्मचारियों ने तत्काल मुख्य सप्लाई बंद कर रिसाव को नियंत्रित करने का अभियान शुरू किया। सुरक्षा के मद्देनज़र आसपास के क्षेत्र को खाली कराया गया और लोगों से मौके से दूर रहने की अपील की गई। समय रहते गैस सप्लाई बंद कर दिए जाने से संभावित बड़ा हादसा टल गया।
सर्कुलर रोड पर लगातार वाहनों की आवाजाही को देखते हुए पुलिस ने तुरंत ट्रैफिक व्यवस्था संभाली। ट्रैफिक इंचार्ज बलवंत सिंह के नेतृत्व में सड़क के प्रभावित हिस्से को अस्थायी रूप से बंद कर यातायात को वैकल्पिक मार्गों पर डायवर्ट किया गया, ताकि किसी भी प्रकार की चिंगारी या दुर्घटना की संभावना से बचा जा सके। इससे कुछ समय तक यातायात प्रभावित रहा, लेकिन बाद में स्थिति धीरे-धीरे सामान्य होने लगी।
घटना के प्रत्यक्षदर्शियों और अस्पताल में मौजूद लोगों ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। एक मरीज के परिजन ने बताया कि अचानक गैस की तेज गंध आने लगी और बाहर शोर-शराबा मच गया। उनका कहना था कि यदि थोड़ी सी भी चिंगारी उठ जाती तो अस्पताल में भर्ती मरीजों और आसपास मौजूद लोगों की जान खतरे में पड़ सकती थी।
ट्रैफिक इंचार्ज बलवंत सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई थी। सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सड़क को तुरंत बंद किया गया और ट्रैफिक डायवर्ट किया गया। फिलहाल स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है तथा IGL की टीम पाइपलाइन की मरम्मत में जुटी हुई है।
फिलहाल गैस रिसाव रोक दिया गया है और क्षतिग्रस्त पाइपलाइन को दुरुस्त करने का कार्य जारी है। समय पर प्रशासन, पुलिस और गैस कंपनी की संयुक्त कार्रवाई से एक संभावित बड़ा हादसा टल गया। अब यह भी जांच का विषय है कि खुदाई शुरू करने से पहले भूमिगत गैस पाइपलाइन की जानकारी और आवश्यक सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं।



