Narnaul News | बाबा खेतानाथ राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज में नशा मुक्त युवा कार्यक्रम : युवाओं को नशे के दुष्प्रभाव बताए | माय भारत पोर्टल पर कराया पंजीकरण

युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने और उन्हें राष्ट्र निर्माण की गतिविधियों से जोड़ने के उद्देश्य से माय भारत, युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार की ओर से बाबा खेतानाथ राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज में ‘नशा मुक्त युवा एवं विकसित भारत युवा कनेक्ट’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कॉलेज प्राचार्य अनिल यादव ने की।
प्राचार्य अनिल यादव ने कहा कि कॉलेज विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा के साथ सामाजिक जागरूकता, नशा मुक्ति, युवा सहभागिता, कौशल विकास और रचनात्मक गतिविधियों को भी प्रोत्साहित करता है। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को ऐसी गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया जाता है, जिससे उनमें नेतृत्व क्षमता, सामाजिक जिम्मेदारी और सकारात्मक सोच विकसित हो।

कार्यक्रम में युवा आइकन हरिश शर्मा ने नशा मुक्ति विषय पर प्रस्तुति दी। उन्होंने युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करते हुए नशे से दूर रहने की अपील की। उन्होंने युवाओं से अपनी ऊर्जा शिक्षा, खेल, कौशल विकास और समाज सेवा जैसे सकारात्मक कार्यों में लगाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान कॉलेज में उपस्थित सभी युवाओं का माय भारत पोर्टल पर पंजीकरण कराया गया। जिला युवा अधिकारी नित्यानंद यादव ने युवाओं को ‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग क्विज’ के बारे में विस्तार से जानकारी दी और अधिक से अधिक युवाओं को इसमें भाग लेने के लिए प्रेरित किया।

युवाओं ने नशा मुक्ति विषय पर स्लोगन राइटिंग में भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थियों ने अपने रचनात्मक विचारों के माध्यम से नशे के खिलाफ जागरूकता का संदेश दिया। कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता और उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले युवाओं को सम्मानित भी किया गया।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित युवाओं को नशा मुक्त भारत की शपथ दिलाई गई। वक्ताओं ने कहा कि नशे के खिलाफ जन-जागरूकता अभियान को सफल बनाने में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है। युवाओं की सक्रिय भागीदारी से स्वस्थ और सशक्त समाज के निर्माण को गति दी जा सकती है।
इस अवसर पर जिला समाज कल्याण अधिकारी अमित शर्मा और जिला सूचना एवं विज्ञान अधिकारी इंजीनियर प्रशांत कुमार ने भी युवाओं को संबोधित किया।
Editor: गरिमा बागोतिया



