Gurugram News | महेंद्र हत्याकांड में 5 आरोपी गिरफ्तार : बेटे को भी मारने की साजिश का खुलासा | पुरानी रंजिश से जुड़ा मामला)

शहर के चर्चित महेंद्र हत्याकांड की जांच में पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार जांच और पूछताछ में सामने आया है कि हमलावरों की साजिश केवल महेंद्र की हत्या तक सीमित नहीं थी, बल्कि उनके बेटे साहिल को भी निशाना बनाने की योजना थी। आरोपियों पर वारदात से पहले कई दिनों तक महेंद्र और उनके बेटे की गतिविधियों पर नजर रखने का भी आरोप है।
पुलिस के मुताबिक गुरुवार सुबह महेंद्र अपने बेटे साहिल के साथ बाइक पर सदर बाजार स्थित अपनी दुकान की ओर जा रहे थे। बसई रोड पर बाइक सवार हमलावरों ने उन्हें निशाना बनाया। हमले में महेंद्र को गोली लगी और उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। इस दौरान साहिल भी उनके साथ था, लेकिन वह हमले में बच गया।

पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी करीब पांच दिनों से महेंद्र और साहिल की गतिविधियों पर नजर रख रहे थे। आरोप है कि दोनों को एक साथ निशाना बनाने के लिए मौका तलाशा जा रहा था। पुलिस का कहना है कि वारदात के दौरान साहिल को भी निशाना बनाने का प्रयास किया गया, लेकिन दूसरा हथियार नहीं चल पाया। इसके बाद हमलावर मौके से फरार हो गए।
एसीपी क्राइम नवीन शर्मा के अनुसार मामले की जड़ जनवरी 2025 से चली आ रही पुरानी रंजिश में है। महेंद्र का एक अन्य बेटा प्रियांशु पहले से हत्या के एक मामले में आरोपी है और जेल में बंद है। उसी मामले में पर्व उर्फ बड़ी की हत्या हुई थी। पुलिस के अनुसार इसी रंजिश को लेकर दूसरे पक्ष ने महेंद्र और उनके बेटे को निशाना बनाने की साजिश रची।

पुलिस ने मामले में अब तक पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें पर्नव पारासर उर्फ छोटी (20) और प्रवीण पारासर (45), मूल निवासी गांव बिप्रावली, जिला आगरा, उत्तर प्रदेश एवं वर्तमान निवासी देवीलाल कॉलोनी शामिल हैं। इनके अलावा देव शर्मा उर्फ केमटी (22), मूल निवासी पूरनपुर पीलीभीत, जिला बरेली और वर्तमान निवासी सेक्टर-9; अंकित उर्फ बंटी (19), निवासी गांव बसई तथा उत्सव (19), मूल निवासी खुटाहा, जिला लखीसराय, बिहार और वर्तमान निवासी भवानी एनक्लेव को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस के अनुसार प्रवीण और पर्नव ने अन्य आरोपियों के साथ मिलकर महेंद्र और उनके बेटे की हत्या की साजिश तैयार की थी। आरोप है कि साजिश को अंजाम देने के लिए हथियार और रुपये भी उपलब्ध कराए गए। पुलिस जांच में देव पर वारदात के दौरान गोली चलाने का आरोप सामने आया है।

पुलिस का कहना है कि गढ़ी हरसरू के पास कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम को देखकर देव और अंकित बाइक छोड़कर भागने लगे। भागने के दौरान दोनों गड्ढे में गिरकर घायल हो गए। पुलिस ने दोनों को काबू कर लिया।
मामले में पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक देसी कट्टा, एक कारतूस और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक बरामद की है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर हत्याकांड में शामिल अन्य लोगों की भूमिका का भी पता लगा रही है।

पुलिस आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की भी जांच कर रही है। वारदात में शामिल बताए जा रहे अन्य फरार आरोपियों की तलाश के लिए अलग-अलग स्थानों पर दबिश दी जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि साजिश में और कौन-कौन शामिल था और आरोपियों को अन्य स्तर पर किसी तरह की मदद मिली थी या नहीं।
महेंद्र की हत्या और उनके बेटे को भी निशाना बनाने की कथित साजिश सामने आने के बाद मामला पुरानी रंजिश से जुड़ा बताया जा रहा है। हालांकि हत्या की साजिश, रेकी और आरोपियों की अलग-अलग भूमिकाओं से संबंधित तथ्य अभी पुलिस जांच का हिस्सा हैं। मामले में आगे की जांच और न्यायिक प्रक्रिया जारी है।
Editor: शिवानी राजपूत



