महेंद्रगढ़ | शहीद शंकर सिंह शेखावत पंचतत्व में विलीन : पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार, हजारों लोगों ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि
सोहड़ी में शहीद शंकर सिंह शेखावत को नम आंखों से अंतिम विदाई दी गई। हजारों लोगों ने उनके बलिदान को याद करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की।

महेंद्रगढ़ जिले के गांव सोहड़ी के वीर सपूत एवं 3 राजपूताना राइफल्स के जांबाज सैनिक शहीद शंकर सिंह शेखावत सोमवार को पंचतत्व में विलीन हो गए। पूरे सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। जैसे ही तिरंगे में लिपटा उनका पार्थिव शरीर पैतृक गांव पहुंचा, पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। अंतिम दर्शन के लिए हजारों लोगों का जनसैलाब उमड़ पड़ा। हर आंख नम थी और पूरा वातावरण "भारत माता की जय", "वंदे मातरम्" तथा "शहीद शंकर सिंह शेखावत अमर रहें" के नारों से गूंज उठा।
देश की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले शहीद शंकर सिंह शेखावत को अंतिम विदाई देने के लिए दूर-दूर से लोग गांव पहुंचे। महिलाओं, बुजुर्गों, युवाओं और बच्चों ने अपने वीर सपूत के अंतिम दर्शन कर पुष्प अर्पित किए। गांव की गलियां तिरंगों और श्रद्धांजलि देने पहुंचे लोगों से भर गईं। हर चेहरे पर गर्व और आंखों में शहीद को खोने का दर्द साफ दिखाई दे रहा था।
अंतिम संस्कार से पूर्व सेना के जवानों ने सैन्य परंपराओं के अनुसार अपने वीर साथी को पूरे सम्मान के साथ अंतिम सलामी दी। इस भावुक क्षण ने वहां मौजूद हर व्यक्ति को भावुक कर दिया। उपस्थित हजारों लोगों ने मौन रखकर शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके अदम्य साहस, कर्तव्यनिष्ठा तथा राष्ट्रभक्ति को नमन किया।
अपने वीर साथी को अंतिम विदाई देने के लिए 3 राजपूताना राइफल्स से सूबेदार संतलाल, सूबेदार विजेंद्र, सूबेदार धर्मवीर, हवलदार राकेश, हवलदार जितेंद्र, हवलदार सोनू, नायक विजेंद्र पुनिया, नायक विक्रम तथा लांस नायक मनोज खान उपस्थित रहे। वहीं राजपूताना राइफल्स सेंटर, दिल्ली से सूबेदार रामनिवास, नायब सूबेदार विजय, हवलदार शरीफ खान तथा नायक सुधीर भी अंतिम संस्कार में शामिल हुए और अपने वीर साथी को सैन्य सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी।
श्रद्धांजलि अर्पित करने वालों में विधायक कंवर सिंह यादव, जिला पार्षद योगी वचनाईनाथ, सतनाली थाना प्रभारी अनिल, डालू सिंह, राजेंद्र शर्मा, सरपंच रणवीर सिंह (सोहड़ी) सहित अनेक जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी, पूर्व सैनिक, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि तथा क्षेत्र के गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने शोक संतप्त परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि शहीद शंकर सिंह शेखावत का सर्वोच्च बलिदान राष्ट्र सदैव याद रखेगा और उनका नाम देश के वीर सपूतों में सम्मान के साथ लिया जाएगा।
अंतिम यात्रा के दौरान पूरा गांव राष्ट्रभक्ति के रंग में रंगा दिखाई दिया। हजारों लोगों ने हाथों में तिरंगा लेकर अपने वीर सपूत को अंतिम विदाई दी। जगह-जगह लोगों ने पुष्पवर्षा कर श्रद्धांजलि अर्पित की। अंतिम संस्कार स्थल पर सैन्य सम्मान के बीच शहीद का पार्थिव शरीर पंचतत्व में विलीन हुआ तो हर आंख नम हो उठी।
इस अवसर पर ग्रामीणों और सामाजिक संगठनों ने सरकार से मांग की कि गांव सोहड़ी में शहीद शंकर सिंह शेखावत की स्मृति में एक भव्य स्मारक अथवा पार्क का निर्माण कराया जाए, ताकि आने वाली पीढ़ियां उनके अद्वितीय साहस, राष्ट्रभक्ति और सर्वोच्च बलिदान से प्रेरणा प्राप्त करती रहें। ग्रामीणों ने कहा कि देश की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले वीर सपूतों का सम्मान केवल शब्दों से नहीं, बल्कि उनकी स्मृतियों को सदैव जीवित रखकर किया जाना चाहिए।
ग्राउंड जीरो न्यूज़ के लिए सतनाली से विक्रम नेहरा की रिपोर्ट।



