नारनौल | आईजी ओमप्रकाश नरवाल की अपराध समीक्षा बैठक : मोस्ट वांटेड अपराधियों की गिरफ्तारी के दिए सख्त निर्देश
पुलिस महानिरीक्षक ओमप्रकाश नरवाल ने नारनौल में समीक्षा बैठक की, जिसमें अपराध नियंत्रण और पुलिस-पब्लिक संबंधों पर चर्चा की गई।

नारनौल। पुलिस महानिरीक्षक (साउथ रेंज, रेवाड़ी) ओमप्रकाश नरवाल ने बुधवार को पुलिस लाइन नारनौल के मीटिंग हॉल में जिले के पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ अपराध समीक्षा बैठक की। बैठक में अपराध नियंत्रण, कानून व्यवस्था, लंबित मामलों के निस्तारण और पुलिसिंग को अधिक प्रभावी बनाने को लेकर विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक में पुलिस अधीक्षक दीपक, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक फैजल खान, डीएसपी मुख्यालय भारत भूषण, डीएसपी नारनौल कविता, सभी थाना प्रबंधक, चौकी प्रभारी, सीआईए प्रभारी तथा विभिन्न शाखाओं के प्रभारी मौजूद रहे। 
आईजी ओमप्रकाश नरवाल ने सभी थाना प्रबंधकों और अधिकारियों से उनके क्षेत्र के आपराधिक मामलों की जानकारी ली तथा अपराध पर प्रभावी अंकुश लगाने और अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पुलिस-पब्लिक संबंधों को मजबूत बनाकर, नियमित गश्त और प्रभावी नाकाबंदी के माध्यम से अपराधों पर नियंत्रण पाया जा सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि गश्त में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि लंबे समय से लंबित मामलों की समीक्षा कर उनके निस्तारण में आ रही बाधाओं को दूर किया जाए। हत्या, लूट और डकैती जैसे जघन्य अपराधों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा किसी भी संदिग्ध घटना की सूचना तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को दी जाए।
बैठक के दौरान आईजी ने उद्घोषित अपराधियों, बेल जंपर्स, मोस्ट वांटेड और इनामी अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए चलाए जा रहे अभियानों की समीक्षा की। इसके साथ ही मादक पदार्थों, अवैध शराब और अवैध हथियारों की तस्करी के खिलाफ चल रही कार्रवाई, चिन्हित अपराधों की रोकथाम, आपराधिक गिरोहों पर निगरानी तथा विशेष अभियानों की प्रगति का भी आकलन किया।
आईजी ओमप्रकाश नरवाल ने नाकाबंदी के दौरान वाहनों की गहन जांच करने, दबंग, दुष्चरित्र एवं असामाजिक तत्वों पर कड़ी निगरानी रखने तथा उनके खिलाफ निवारक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक थाना प्रभारी और चौकी प्रभारी को अपने क्षेत्र के सभी बदमाशों और अपराधियों की पूरी जानकारी होनी चाहिए, ताकि अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सके।
बैठक का समापन जिले में कानून व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा अपराध नियंत्रण को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देशों के साथ हुआ।



